नईदिल्ली (13 अक्टूबर 26)। भारत मंगलवार को यहां 'बिम्सटेक' में शामिल देशों के गृह मंत्रियों की पहली बैठक की मेजबानी करेगा, जिसमें आतंकवाद, अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध, मादक पदार्थों, कट्टरपंथ, मानव तस्करी, अवैध वित्तीय प्रवाह और साइबर खतरों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा होगी। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को यह जानकारी दी।
शाह ने सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, 'भारत 13 अक्टूबर 2026 को नयी दिल्ली में 'बिम्सटेक' में शामिल देशों के गृह मंत्रियों की पहली बैठक की मेजबानी करने को सम्मान की बात मानता है। मैं सदस्य देशों के माननीय गृह मंत्रियों और प्रतिनिधिमंडलों का हार्दिक स्वागत करता हूं।' उन्होंने कहा कि यह ऐतिहासिक बैठक आतंकवाद, अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध, मादक पदार्थों, कट्टरपंथ, मानव तस्करी, अवैध वित्तीय प्रवाह और साइबर खतरों से निपटने के लिए 'बिम्सटेक' देशों के साझा संकल्प को दर्शाती है। शाह ने कहा, 'प्रभावी समन्वय के माध्यम से हम बिम्सटेक क्षेत्र को अधिक सुरक्षित, मजबूत और संरक्षित बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।'
बंगाल की खाड़ी बहु-क्षेत्रीय तकनीकी और आर्थिक सहयोग पहल (बिम्सटेक) में बांग्लादेश, भूटान, भारत, म्यांमा, नेपाल, श्रीलंका और थाईलैंड शामिल हैं। इसका उद्देश्य बंगाल की खाड़ी से लगे देशों और उसके पड़ोसी क्षेत्रों के बीच आर्थिक एवं तकनीकी सहयोग को बढ़ावा देना है।