Wednesday, 30 Sep 2026

भारत का खोया हुआ भाई लगता है जापान: सीएम

टोक्यो (31 जनवरी 25)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि जापान और भारत की कई अनुकूलताएं समान हैं। यहाँ की सूर्यनारायण संस्कृति हो या गौतम बुद्ध के बताये मार्ग, दोनों ही देशों में समान रूप से दिखाई देते हैं। इन दोनों देशों की आत्मीयता देखकर यह भी कहा जा सकता है कि जैसे भारत और जापान दो बिछड़े भाई हों। जापान जीवन के प्रति आस्था का प्रतीक भी है। यहाँ के नागरिकों से काम की गुणवत्ता, कर्त्तव्यनिष्ठा और कर्मशीलता के साथ ही जीवन को आनंद के साथ जीने की सीख मिलती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव जापान यात्रा के तीसरे दिन गुरुवार को ओसाका में उद्योगपतियों और उद्योग प्रतिनिधियों के साथ इंटरेक्टिव सत्र को संबोधित कर रहे थे।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश ऊर्जा सरप्लस, प्रचुर खनिज संसाधन, क्लीनेस्ट राज्य और देश के दूसरे बड़े शहरों से आवागमन के साधनों से अच्छी तरह कनेक्टेड है, साथ ही राज्य में उद्योग-मित्र नीतियां लागू की गई हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में मध्यप्रदेश आज डबल-डिजिट की विकास दर से आगे बढ़ रहा है। इसलिए, जापान की आधुनिकतम तकनीकों से संपन्न उद्योगों के लिए मध्यप्रदेश में निवेश के लिए अच्छे अवसर हैं। मुख्यमंत्री ने ओसाका के उद्योगपतियों को मध्यप्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित किया। अगर उद्योगपति बड़ा मन लेकर आते हैं तो हम उनके सपनों को पंख देने के लिये तत्पर हैं। उन्होंने सभी निवेशकों को भोपाल में 24-25 फरवरी को आयोजित होने जा रही गलोबल इन्वेस्टर्स समिट में शामिल होने का निमंत्रण भी दिया।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जापान यात्रा के तीसरे दिन कोबे शहर के इंडिया क्लब में उद्योगपतियों से मिलकर मध्यप्रदेश में निवेश संभावनाओं पर चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश, ग्लोबल इन्वेस्टमेंट का बेस्ट डेस्टिनेशन बन गया है। यहां विभिन्न क्षेत्रों में निवेश की अपार संभावनाएं हैं और निवेशकों की दिलचस्पी लगातार बढ़ रही है।

Tags:

Follow us

This question is not available..!