Sunday, 27 Sep 2026

दिल्ली हादसा: आरोपी दंपत्ति को न्यायिक हिरासत

नईदिल्ली (08 सितंबर 26)। दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में रविवार को एक पांच मंजिला इमारत ढहने के दर्दनाक हादसे के बाद अब कानून और प्रशासन का कड़ा डंडा चलना शुरू हो गया है। इस मामले में गिरफ्तार मुख्य आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां कोर्ट ने इमारत के मालिक हरिराम गुप्ता और उनकी पत्नी उर्मिला गुप्ता को 14 दिन की न्यायिक हिरासत (जेल) में भेज दिया है। वहीं, बिल्डिंग का मैनेजमेंट संभालने वाले उनके बेटे महेश गुप्ता को दो दिन की पुलिस हिरासत में भेजा गया है।

रविवार को सत्य निकेतन इलाके में बनी इस पांच मंजिला इमारत के अचानक जमींदोज होने से हड़कंप मच गया। इस इमारत में 'हॉस्टल डेज' नाम का पीजी (PG) चलाया जा रहा था। हादसे में मलबे के नीचे दबने से 7 लोगों की मौत हो गई, जिनमें 5 छात्र शामिल थे। इस भीषण हादसे के बाद तुरंत बचाव अभियान चलाकर मलबे से 12 लोगों का सुरक्षित रेस्क्यू किया गया, जबकि 4 अन्य लोग घायल बताए जा रहे हैं। पुलिस जांच के मुताबिक, इस प्रॉपर्टी की रजिस्ट्री उर्मिला गुप्ता के नाम पर है, बिजली का कनेक्शन हरिराम गुप्ता के नाम पर दर्ज था, जबकि उनका बेटा महेश गुप्ता इसका पूरा मैनेजमेंट संभाल रहा था।  कोर्ट ने बेहद सख्त रुख अख्तियार किया है और मामले में जिम्मेदारी तय करने के निर्देश दिए हैं। हाई कोर्ट ने दिल्ली नगर निगम, राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग और दिल्ली पुलिस समेत सभी जिम्मेदार एजेंसियों को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए 10 दिनों के भीतर जवाब दाखिल करने को कहा है।

हादसे के बाद सोमवार को दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने एक आपातकालीन हाई लेवल मीटिंग बुलाई। लापरवाही बरतने के आरोप में मुख्यमंत्री ने MCD के डिप्टी कमिश्नर समेत पांच अधिकारियों को तुरंत प्रभाव से निलंबित (सस्पेंड) कर दिया है। इसके साथ ही, दिल्ली सरकार ने पूरी दिल्ली में बिना अनुमति और अवैध रूप से बनाई गईं सभी पांच मंजिला इमारतों को तुरंत सील करने का कड़ा आदेश जारी किया है।

Tags:

Follow us

This question is not available..!