कोलकाता (20 सितंबर 24)। आरजी कर मेडिकल कॉलेज के हड़ताल कर रहे जूनियर डॉक्टरों ने शनिवार को काम पर लौटने का ऐलान किया है। इस दौरान डॉक्टर्स स्वास्थ्य भवन से सीबीआई ऑफिस तक मार्च करेंगे। आरजीकर मेडिकल कॉलेज में महिला डॉक्टर की जघन्य हत्या के बाद जूनियर डॉक्टर पिछले 41 दिनों से लगातार हड़ताल कर रहे थे। इससे पहले रविवार को ममता बनर्जी के साथ डॉक्टरों की आधी रात तक मीटिंग हुई। मीटिंग में कई बड़े फैसले लिए गए। डॉक्टरों से मुलाकात के बाद ममता बनर्जी ने कोलकाता पुलिस कमिश्नर समेत चार अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया था।
जूनियर डॉक्टरों ने शुक्रवार 20 सितंबर से स्वास्थ्य भवन और कोलकाता में चल रहे धरना प्रदर्शन को खत्म करने का ऐलान किया है। शनिवार से सभी डॉक्टर काम पर वापस लौटेंगे और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर लोगों की मदद करेंगे। पूरे 41 दिनों के बाद डॉक्टर आवश्यक सेवाओं में वापस लौटेंगे। बता दें कि कोलकाता कांड के विरोध में जूनियर डॉक्टरों के संगठनों ने धरने का ऐलान कर दिया था। इसके चलते बंगाल की स्वास्थ्य सेवाएं चरमरा गई थी। हड़ताल पर बैठे जूनियर डॉक्टरों की 5 मांगें थीं, जिनमें से ममता सरकार ने 3 को मान लिया। खुद सीएम ममता बनर्जी ने डॉक्टरों के प्रतिनिधिमंडल से बातचीत कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया था ममता बनर्जी ने डॉक्टरों की 5 में से तीन मांगों को मानते हुए चिकित्सा शिक्षा निदेशक और स्वास्थ्य सेवा निदेशक को हटा दिया। पुलिस कमिश्नर विनीत गोयल को भी मंगलवार को हटाकर नए आईपीएस अधिकारी को जिम्मा सौंपा। इसके साथ ही कोलकाता पुलिस के उपायुक्त (उत्तर) को भी हटा दिया गया, जिनके खिलाफ पीड़ित परिवार ने रिश्वतखोरी का आरोप लगाया था।