नईदिल्ली (28 मई 24)। भारतीय सेना ने हरित एवं टिकाऊ परिवहन समाधान खोजने की दिशा में अपने दृढ़ संकल्प को प्रदर्शित करते हुए हाइड्रोजन ईंधन सेल बस प्रौद्योगिकी के परीक्षणों के लिए इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) के साथ समझौता किया है। भारतीय सेना नवाचार और पर्यावरण प्रबंधन के प्रति अपनी वचनबद्धता के लिए जानी जाती है।
थल सेनाध्यक्ष (सीओएएस) जनरल मनोज पांडे और इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड के अध्यक्ष श्रीकांत माधव वैद्य की उपस्थिति में भारतीय सेना तथा इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड के बीच एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इस कार्यक्रम के दौरान, भारतीय सेना को एक हाइड्रोजन ईंधन सेल से चालित बस सौंपी गई। यह भारतीय सेना और इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड के बीच पारस्परिक रूप से लाभप्रद साझेदारी की शुरुआत का प्रतीक है। समझौता ज्ञापन में नवाचार को बढ़ावा देने और भविष्य के लिए टिकाऊ परिवहन समाधानों को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता पर जोर दिया गया है। हाइड्रोजन फ्यूल सेल वाली बस में 37 यात्रियों के बैठने की क्षमता है। यह हाइड्रोजन ईंधन के पूरे 30 किलोग्राम के ऑनबोर्ड टैंक पर 250-300 किलोमीटर का प्रभावशाली माइलेज प्रदान करती है।